Home Life Style लागत का 3 गुना मुनाफा देगी मेंथा की खेती, अनुदान के लिए करें ऐसे आवेदन 

लागत का 3 गुना मुनाफा देगी मेंथा की खेती, अनुदान के लिए करें ऐसे आवेदन 

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लागत का 3 गुना मुनाफा देगी मेंथा की खेती, अनुदान के लिए करें ऐसे आवेदन 

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रिपोर्ट-नीरज कुमार
बेगूसराय. आजकल लोग हेल्थ कॉन्शंस हो गए हैं. खासतौर से कोरोना महामारी के बाद हर्बल और आयुर्वेद की तरफ लोगों का रुझान और झुकाव तेजी से बढ़ा है. वो नेचरल इलाज और खान पान को महत्व दे रहे हैं. खान पान रहन सहन का ट्रेंड बदला तो उसके मुताबिक बाजार और खेती किसानी का रुख भी बदल गया. बिहार के किसानों ने तेजी से समय की मांग को पहचान लिया है और अब वो अनाज और सब्जी के साथ हर्बल फसलों की खेती पर भी जोर दे रहे हैं.

औषधीय पौधों की खेती भी किसानों के लिए बेहतर कमाई का रास्ता बना सकती है. बाजार में बढ़ती डिमांड को देखते हुए शासन भी इसकी खेती में मदद कर रही है. ऐसा ही एक पौधा है मेंथा यानि पिपरमिंट का. अगर कोई किसान की रुचि औषधीय पौधों की खेती करना चाहता है और परंपरागत खेती के साथ बेहतर कमाई करना चाहते है मेंथा की खेती कर सकता है.

दवा से लेकर कॉस्मेटिक्स तक में डिमांड
बेगूसराय जिला उद्यान पदाधिकारी अनिल कुमार ने लोकल 18 से चर्चा में बताया जिले में नए साल में 200 हेक्टेयर में मेंथा की खेती का लक्ष्य है. किसानों को एक हेक्टेयर में मेंथा की खेती करने में ₹20000 की सब्सिडी दी जाएगी. कृषि वैज्ञानिक डॉक्टर रामपाल ने बताया किसानों को मेंथा की खेती की ट्रेनिंग कृषि विज्ञान केंद्र में दी जाएगी. यहां की मिट्टी का पीएच मान मेंथा की खेती के लिए बहुत अच्छा है. मेंथा का इस्तेमाल दवाई, तेल, ब्यूटी प्रॉडक्ट्स, टूथपेस्ट और कैंडी बनाने में किया जाता है. आजकल इसकी बाजार में काफी डिमांड है.

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ऐसे लें योजना का लाभ
बेगूसराय जिले के किसान अगर मेंथा की बागवानी करना चाहते हैं, तो अपने नजदीकी प्रखंड उद्यान पदाधिकारी से संपर्क कर सकते हैं. इस योजना में मिलने वाली सब्सिडी, खेती का तरीका और अन्य जानकारी उन्हें वहां से मिल पाएगी. किसान जिला उद्यान कार्यालय जाकर योजना का लाभ ले सकते हैं. जिला उद्यान कार्यालय नवोदय विद्यालय लाखों के पास है.

क्या है मेंथा
पिपरमिंट का बॉटेनिकल नेम मेंथा (Peppermint) है. इसके तेल की देश और विदेश में भारी मांग है. मेंथा का उपयोग दवा से लेकर सौंदर्य प्रसाधन और खाने-पीने की वस्तुओं में भी होता है. इसलिए इसकी मांग लगातार बढ़ती जा रही है. किसानों के लिए इसकी खेती मुनाफे का धंधा रहेगी.

Tags: Begusarai news, Farming in India, Health benefit, Local18

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